
दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला बुधवार को एक भीषण प्राकृतिक आपदा का शिकार बन गया (Venezuela Earthquake)। राजधानी कराकास के पश्चिमी हिस्से में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया।
शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, यह पिछले 120 वर्षों में वेनेजुएला में आई सबसे बड़ी प्राकृतिक आपदाओं (Venezuela Earthquake) में से एक मानी जा रही है। कई इमारतें ढह गई हैं, सड़कों और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है और हजारों लोगों के प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।
कुछ ही सेकंड में आया दोहरा झटका
अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार पहला भूकंप 7.2 तीव्रता का था, जिसका केंद्र कराकास से लगभग 160 किलोमीटर पश्चिम में स्थित था। इसके एक मिनट से भी कम समय बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा शक्तिशाली झटका महसूस किया गया। स्थिति को और गंभीर बनाते हुए इसके बाद 20 से अधिक आफ्टरशॉक्स भी दर्ज किए गए (Venezuela Earthquake)।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार आए इन झटकों ने इमारतों की संरचनात्मक मजबूती को बुरी तरह प्रभावित किया, जिसके कारण कई भवन धराशायी हो गए।
भूकंप के बाद अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण ने चेतावनी दी है कि यह आपदा (Venezuela Earthquake) बड़े पैमाने पर तबाही ला सकती है। शुरुआती अनुमान में मृतकों की संख्या 10 हजार से लेकर 1 लाख तक पहुंचने की आशंका व्यक्त की गई है। हालांकि वेनेजुएला सरकार ने अभी तक आधिकारिक रूप से मौतों और घायलों की संख्या जारी नहीं की है।
कराकास में मची अफरा-तफरी
भूकंप (Venezuela Earthquake) आते ही राजधानी कराकास में दहशत का माहौल बन गया। लोग अपने घरों और अपार्टमेंट्स से निकलकर सड़कों पर आ गए। कई इलाकों में लोग चीखते-चिल्लाते हुए सुरक्षित स्थानों की ओर भागते दिखाई दिए।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि जमीन हिलने के साथ ही घरों के भीतर सामान गिरने लगा। कई लोगों ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन में इतना शक्तिशाली भूकंप पहले कभी महसूस नहीं किया था।
सोशल मीडिया और स्थानीय चैनलों पर सामने आए वीडियो में बचावकर्मी ढही हुई इमारतों के मलबे में फंसे लोगों की तलाश करते दिखाई दिए। पुलिस, फायर ब्रिगेड और आपदा राहत दलों को तत्काल सक्रिय कर दिया गया है।
वेनेजुएला के गृह मंत्री डियोसदादो काबेलो ने कहा कि सरकार अपनी पूरी क्षमता के साथ राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई है। प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बलों और नागरिक सहायता टीमों को तैनात किया गया है।
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देश में आपातकाल घोषित
अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने देश में आपातकाल की घोषणा कर दी है। उन्होंने स्वीकार किया कि इस आपदा (Venezuela Earthquake) में लोगों की जान गई है, हालांकि उन्होंने मृतकों की संख्या बताने से इनकार किया।
सरकार ने नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और आधिकारिक निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
मुख्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बंद
भूकंप के(Venezuela Earthquake) कारण कराकास के पास स्थित माइकेटिया इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी बंद कर दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार एयरपोर्ट के बुनियादी ढांचे को गंभीर नुकसान पहुंचा है, जिसके चलते उड़ानों का संचालन रोक दिया गया है। इससे राहत सामग्री पहुंचाने और लोगों के आवागमन पर भी असर पड़ सकता है।
भूकंप के बाद अमेरिकी सुनामी चेतावनी प्रणाली ने शुरुआत में प्यूर्टो रिको, अमेरिकी व ब्रिटिश वर्जिन आइलैंड्स समेत कई कैरेबियाई क्षेत्रों के लिए सुनामी अलर्ट जारी किया था। हालांकि बाद में स्थिति की समीक्षा के बाद इस चेतावनी को वापस ले लिया गया।
भारत ने बढ़ाया मदद का हाथ
भूकंप (Venezuela Earthquake) के बाद भारत और अमेरिका ने वेनेजुएला को सहायता देने की घोषणा की है। भारतीय पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत हरसंभव मदद के लिए तैयार है। वहीं, अमेरिकी विदेश विभाग ने बताया कि खोज एवं बचाव दल, चिकित्सा सहायता, मानवीय राहत सामग्री और अन्य जरूरी संसाधन प्रभावित क्षेत्रों में भेजे जा रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जनहानि के शुरुआती अनुमान सही साबित होते हैं तो यह वेनेजुएला के आधुनिक इतिहास की सबसे विनाशकारी प्राकृतिक आपदाओं में से एक हो सकती है। वर्ष 1967 में भी कराकास में 6.3 तीव्रता का भूकंप आया था, लेकिन मौजूदा भूकंप (Venezuela Earthquake) उससे कहीं अधिक शक्तिशाली माना जा रहा है।



