Uttarkashi Live : उत्तरकाशी में मंगलवार को आई तबाही के बाद जोरशोर से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। रेस्क्यू ऑपरेशन में भारतीय सेना, ITBP, SDRF, NDRF, पुलिस, राजस्व विभाग, BRO और अन्य एजेंसियों के कुल 400 से अधिक जवान जुटे हैं। सेना की 150 सदस्यीय टीम कर्नल हर्षवर्धन के नेतृत्व में रेस्क्यू मिशन चला रही है। ट्रैकर डॉग्स, ड्रोन, हेलिकॉप्टर और अर्थ मूविंग मशीनों की मदद से फंसे लोगों को निकाला जा रहा है।
Jhala में हेलीपैड से हवाई रेस्क्यू शुरू किया गया है। कई कॉलेजों को राहत शिविरों में बदला गया है और नदी किनारे के गांवों जैसे भट्टवाड़ी और गंगोरी में अलर्ट जारी किया गया है।
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क्या हुआ था कल?
उत्तरकाशी जिले के धाराली गांव में मंगलवार, 5 अगस्त 2025 को बादल फटने (Cloudburst) के बाद अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन (Flash Floods and Landslides) ने भारी तबाही मचाई। कई घर, दुकानें और सड़कें बह गईं। अब तक पांच लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 100 से अधिक लोग लापता हैं। राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है।
Uttarkashi Live : धराली में बचाए गए 70 लोग, हाईवे बंद, राहत कार्यों में बाधा
धराली गांव में आई भीषण प्राकृतिक आपदा के बाद अब तक 70 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है। गंगोत्री और धराली जैसे संवेदनशील इलाकों में राहत और बचाव कार्य तेज करने के लिए सेना की दो अतिरिक्त टुकड़ियां भेजी गई हैं। हर्षिल से धराली तक की अवरुद्ध सड़कों को खोलने के लिए बड़ी मशीनों को लगाया गया है, जबकि मलबे में दबे या लापता लोगों की तलाश में ड्रोन और खोजी कुत्तों की मदद ली जा रही है। जो लोग बचाए गए हैं, उन्हें भोजन, पानी और दवाइयां उपलब्ध कराई जा रही हैं।
Uttarkashi Live : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ले रहे हैं राहत कार्यों की जानकारी
उत्तराखंड से राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी ने बताया कि उन्होंने अपने सहयोगी सांसदों महारानी माला राज्यलक्ष्मी शाह, त्रिवेंद्र सिंह रावत और अजय भट्ट के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री उत्तरकाशी की इस आपदा से बेहद मर्माहत और चिंतित हैं तथा स्वयं राहत और बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं।
Uttarkashi Live : हर्षिल-धराली क्षेत्र से संपर्क पूरी तरह कटा
इस प्राकृतिक आपदा ने न केवल धराली और हर्षिल का संपर्क जिला मुख्यालय से काट दिया है, बल्कि गंगोत्री और चीन सीमा की ओर जाने वाली सड़कें भी पूर्णतः बाधित हो चुकी हैं। इन मार्गों को दोबारा खोलने में एक सप्ताह से भी अधिक समय लग सकता है। ऐसे में अब प्रशासन केवल हेलीकॉप्टर सेवा के माध्यम से ही आपदा प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने की कोशिश कर रहा है।
Uttarkashi Live : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी राहत कार्यों की निगरानी में
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (Pushkar Singh Dhami) बुधवार सुबह घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने हवाई सर्वे किया और फिर PWD गेस्ट हाउस में पीड़ितों से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि लगातार बारिश और सड़क बंद होने के कारण रेस्क्यू में दिक्कतें आ रही हैं, लेकिन सभी एजेंसियां पूरी ताकत से काम कर रही हैं।
धामी ने कहा कि दवाओं और राशन की व्यवस्था की गई है, और 160 पुलिसकर्मियों को राहत वितरण की निगरानी के लिए तैनात किया गया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) से बात की और केंद्र सरकार की सहायता के लिए आभार जताया।
Uttarkashi Live : 11 जवान अब भी लापता, सेना का कैंप भी प्रभावित
प्राकृतिक आपदा की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सेना का कैंप भी मलबे की चपेट में आ गया। 11 जवान लापता हैं और सेना उनके बचाव के लिए पूरी शक्ति से लगी है। DIG मोशेन शाहेदी (NDRF) के मुताबिक, 150 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है, लेकिन 100 से ज़्यादा लोग अब भी लापता हैं।
Uttarkashi Live : बॉलीवुड से भी समर्थन
अभिनेत्री सारा अली खान, सोनू सूद और भूमि पेडनेकर ने सोशल मीडिया पर शोक जताया और प्रभावित लोगों के लिए प्रार्थना की। सारा ने राहत कार्य से जुड़े नंबर साझा किए, जबकि सोनू सूद ने कहा कि इस समय पूरे देश को एकजुट होकर मदद करनी चाहिए।
Uttarkashi Live : उत्तराखंड की नदियां खतरे के निशान से ऊपर
लगातार बारिश के चलते राज्य की कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। NH-34 का कई किलोमीटर हिस्सा बह चुका है, खासकर धाराली और पापड़गाड़ के पास। प्रशासन ने पहाड़ी जिलों में अलर्ट जारी किया है और सभी जिलाधिकारियों को 24 घंटे सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।



